● Dr. Sarang Tanay@Madhepura.
मधेपुरा/बिहार: भूपेंद्र नारायण मंडल विश्वविद्यालय के शैक्षणिक परिसर स्थित विश्वविद्यालय जीव विज्ञान विभाग में बायोकार्ट के सहयोग से 15 दिसंबर से डीएनए टू डेटा विषय पर तीन दिवसीय हाइब्रिड वर्कशॉप का आयोजन होने जा रहा है।
कार्यक्रम सुबह 10 बजे से दोपहर 3 बजे तक चलेगा।
देश के प्रतिष्ठित वैज्ञानिक और विशेषज्ञ, रिसर्च स्कॉलर व स्टूडेंट्स को डीएनए विश्लेषण से लेकर बायोइन्फोमेटिक्स तक की प्रक्रिया का व्यावहारिक प्रशिक्षण देंगे। रविवार को विश्वविद्यालय जीव विज्ञान विभाग के एचओडी प्रो.(डॉ.) नरेंद्र श्रीवास्तव यह जानकारी दी। वे रविवार को तीन दिवसीय वर्कशॉप की तैयारियों का जायजा लिए और समीक्षात्मक बैठक भी किये।
प्रो. श्रीवास्तव ने बताया कि बायोटेक्नोलॉजी और जीनोमिक्स के क्षेत्र में स्टूडेंट्स और शोधार्थियों को नई दिशा देने के उद्देश्य से यूनिवर्सिटी जूलॉजी डिपार्टमेंट की ओर से 'डीएनए टू डेटा' विषय पर वर्कशॉप होने जा रहा है।
स्टूडेंट्स को सैंजर डेटा की गहराई से समझ, डॉटर एबी1 बना फाइलों का विश्लेशन, डेटा क्वालिटी की पहचान तथा प्रारंभिक डेटा एनालिसिस के व्यावहारिक प्रशिक्षण से भी अवगत कराया जाएगा।
इसके साथ ही प्रतिभागियों को बॉयोइन्फॉर्मेटिक्स टूल्स का उपयोग करके कटिंग असेंबली, डेटा इंटरप्रेटेशन तथा एनसीबीआई रेफरेसिंग और आइडेंटिफिकेशन जैसी उन्नत वैज्ञानिक विधियों का प्रशिक्षण मिलेगा। वह जीनोमिक्स अनुसंधान का आधार स्तम्भ मानी जाती है।
● क्या है जीनॉमिक्स:
आसान शब्दों में कहें तो जीनोमिक्स किसी जीव के जीनोम (उसकी आनुवंशिक सामग्री) और उस जानकारी के अनुप्रयोग का अध्ययन है। एककोशकीय जीवाणुओं से लेकर बहुकोशिकीय पौधों, जानवरों और मनुष्यों तक, सभी जीवित प्राणियों का एक जीनोम होता है। और हमारा जीनेम डीएनए से बना है।।
सोर्स:दैनिक भास्कर।


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