सहरसा
मधेपुरा/सहरसा: भूपेन्द्र नारायण मंडल विश्वविद्यालय की अंगीभूत इकाई आरएम कॉलेज, सहरसा के पीजी समाजशास्त्र विभाग और पीजी इतिहास विभाग द्वारा फर्स्ट सेमेस्टर सेशन 2025-27 के सीआईए(आंतरिक परीक्षा) के क्षमता वृद्धि अनिवार्य पाठ्यक्रम (एईसीसी वन) के अंतर्गत स्वच्छ भारत कार्यक्रम के तहत साफ सफाई और पौधरोपण किया गया।
कॉलेज कैम्पस में साफ़ सफाई एवं पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण के प्रति संकल्प और जागरूकता कार्य किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कॉलेज के प्रधानाचार्य प्रो. गुलरेज रौशन रहमान ने की। उन्होंने कहा कि पर्यावरण का संरक्षण करना हमारा कर्तव्य है। हम धरती पर अतिथि के रूप में हैं। हमारा कार्य ऐसा होना चाहिए, जिससे हमारा यह धरती, यह पृथ्वी सुंदर बने। हमें समाज, एवं कॉलेज कैम्पस को भी साफ सुथरा रखना है।
प्रधानाचार्य ने छात्र एवं छात्राओं को अपने समाज, अपने आस- पड़ोस, अपने घर के आसपास में पौधे लगाने के लिए प्रेरित किया। कॉलेज प्रांगण में भी इस अवसर पर गुलमोहर का पौधा लगाया।
समाजशास्त्र विभाग की विभागाध्यक्षा डॉ. कविता कुमारी ने आंतरिक परीक्षा में क्षमता वृद्धि अनिवार्य पाठ्यक्रम को विस्तार से समझाया। उन्होंने कहा कि यह पाठ्यक्रम अन्य बातों के अलावा व्यावहारिक प्रशिक्षण, दक्षता और कौशल प्रदान करने के लक्ष्य के साथ मूल्य और कौशल-आधारित है। स्वच्छ भारत अभियान एवं पर्यावरण संरक्षण जैसे कार्यक्रम के माध्यम से छात्रों के बीच समाज एवं राष्ट्र के प्रति कर्तव्यबोध की भावना पैदा करना इस पाठ्यक्रम का लक्ष्य है। डॉ. कविता कुमारी छात्र-छात्राओं को कम से कम एक पेड़ प्रतिवर्ष लगाने के लिए प्रेरित किया।
पीजी इतिहास विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. अमिष कुमार ने भू-मंडलीकरण के इस दौर में पेड़ों के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि जिस तरह से आज हमारी धरती गर्म हो रही है और पर्यावरण का क्षय हो रहा है, इस परिस्थिति में धरती को बचाना आवश्यक है। अत्यधिक प्रदूषण के कारण ओजोन परत क्षतिग्रस्त हो गया है। उसको रोकने के लिए हम सभी छात्र-छात्राओं एवं समाज के लोगों को आगे आना चाहिए। इसके लिए खुद वृक्षारोपण करके सभी को वृक्षारोपण के लिए प्रेरित करना चाहिए।
इस मौके पर डॉ. ललित नारायण मिश्र, डॉ. राजीव झा, डॉ.पूजा कुमारी, डॉ. रामानंद रमन, डॉ. पिंकी कुमारी, डॉ. निर्मल कुमार, डॉ. राजेश कुमार,डॉ. बाबर खान,डॉ. अक्षय कुमार चौधरी, डॉ. संजय कुमार परमार, डॉ. विनय कुमार, डॉ. सुरेश प्रियदर्शी, डॉ. आलोक कुमार मिश्रा, डॉ. अशाररूल हक, डॉ. निशित रंजन, डॉ. अनिल कुमार, मो. सोहराब, शिवम कुमार सहित दर्जनों स्टूडेंट्स मौजूद रहे।।


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