अंतरराष्ट्रीय दिव्यांग दिवस के अवसर पर मंगलवार को बीएनएमयू के पदाधिकारियों एवं कर्मचारियों ने अपने एक दिव्यंग कर्मी केंद्रीय भंडारपाल बिमल कुमार को सम्मानित किया। इस अवसर पर कुलपति के निजी सचिव शम्भू नारायण यादव, पीआरओ डॉ.
सुधांशु शेखर, सीनेटर रंजन यादव एवं अन्य ने संयुक्त रूप से बिमल को अंगवस्त्रम एवं पुष्प गुच्छ प्रदान किया। शम्भू नारायण यादव ने कहा कि बिमल कुमार ने बहुत ही कम समय में अपनी प्रतिभा के बल पर विश्वविद्यालय में अपनी एक अलग पहचान बनाई है। उनका लगन एवं परिश्रम हम सबों के लिए प्रेरणादायी है। ये विश्वविद्यालय की सभी सकारात्मक गतिविधियों में बढ़चढ़ कर हिस्सा लेते हैं। इन्होंने कभी भी विकलांगता को अपने ऊपर हावी नहीं होने दिया है। जनसंपर्क पदाधिकारी डॉ. सुधांशु शेखर ने कहा कि बिमल कुमार इस बात के जीते-जागते प्रमाण हैं कि इच्छाशक्ति के बल पर किसी भी परिस्थिति का मुकाबला किया जा सकता है। ये किसी भी सामान्य व्यक्ति से ज्यादा सक्षम हैं
सीनेटर रंजन कुमार ने कहा कि बिमल कुमार एक ज़िंदादिल इंसान हैं। ये विद्यार्थियों की समस्याओं के समाधान हेतु हमेशा तत्पर रहते हैं।
राजनीति विज्ञान विभाग के शोधार्थी सारंग तनय ने कहा कि बिमल कुमार ने कम ही समय मे विद्यार्थियों के बीच एक अलग पहचान बनाई है। कॉउन्सिल मेम्बर दिलीप कुमार दिल ने सभी लोगों से अपील कर कहा कि वे किसी दिव्यांग का मजाक ना उड़ाएं।
सम्मानित होने वाले कर्मी बिमल कुमार ने कहा कि बीएनएमयू में काम करना अपने आपमें गर्व की बात है। यहाँ के शिक्षकों, कर्मचारियों एवं विद्यार्थियों से उन्हें काफी प्रेम एवं सहयोग मिल रहा है।
इस अवसर पर पर सौरभ कुमार, सीएस पांडेय, मनीष कुमार, शशांक कुमार आदि उपस्थित थे।
सारंग तनय,
उपसंपादक, मधेपुरा(बिहार) ।
सुधांशु शेखर, सीनेटर रंजन यादव एवं अन्य ने संयुक्त रूप से बिमल को अंगवस्त्रम एवं पुष्प गुच्छ प्रदान किया। शम्भू नारायण यादव ने कहा कि बिमल कुमार ने बहुत ही कम समय में अपनी प्रतिभा के बल पर विश्वविद्यालय में अपनी एक अलग पहचान बनाई है। उनका लगन एवं परिश्रम हम सबों के लिए प्रेरणादायी है। ये विश्वविद्यालय की सभी सकारात्मक गतिविधियों में बढ़चढ़ कर हिस्सा लेते हैं। इन्होंने कभी भी विकलांगता को अपने ऊपर हावी नहीं होने दिया है। जनसंपर्क पदाधिकारी डॉ. सुधांशु शेखर ने कहा कि बिमल कुमार इस बात के जीते-जागते प्रमाण हैं कि इच्छाशक्ति के बल पर किसी भी परिस्थिति का मुकाबला किया जा सकता है। ये किसी भी सामान्य व्यक्ति से ज्यादा सक्षम हैं
सीनेटर रंजन कुमार ने कहा कि बिमल कुमार एक ज़िंदादिल इंसान हैं। ये विद्यार्थियों की समस्याओं के समाधान हेतु हमेशा तत्पर रहते हैं।
राजनीति विज्ञान विभाग के शोधार्थी सारंग तनय ने कहा कि बिमल कुमार ने कम ही समय मे विद्यार्थियों के बीच एक अलग पहचान बनाई है। कॉउन्सिल मेम्बर दिलीप कुमार दिल ने सभी लोगों से अपील कर कहा कि वे किसी दिव्यांग का मजाक ना उड़ाएं।
सम्मानित होने वाले कर्मी बिमल कुमार ने कहा कि बीएनएमयू में काम करना अपने आपमें गर्व की बात है। यहाँ के शिक्षकों, कर्मचारियों एवं विद्यार्थियों से उन्हें काफी प्रेम एवं सहयोग मिल रहा है।
इस अवसर पर पर सौरभ कुमार, सीएस पांडेय, मनीष कुमार, शशांक कुमार आदि उपस्थित थे।
सारंग तनय,
उपसंपादक, मधेपुरा(बिहार) ।




कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें