टी पी कॉलेज मधेपुरा के राजकीय अम्बेडकर कल्याण छात्रावास में डॉ भीमराव अम्बेडकर की 128 वीं जयंती बड़े स्तर पर मनाई गई, जिसमें बड़ी संख्या में छात्र शामिल हुए।
कार्यक्रम का आयोजन राजहंस राज उर्फ़ मुन्ना कुमार ने
किया। डॉ भीमराव अम्बेडकर की 128 वीं जयंती कार्यक्रम का उद्घाटनकर्ता मेरठ युनिवर्सिटी के कला के प्रोफेसर डा लाल रत्नाकर थे। स्वागताध्यक्ष प्रभात रंजन थे जिन्होंने मंच संचालन भी किया और अध्यक्षता सीनेट सिंडिकेट सदस्य प्रो जवाहर पासवान ने किया। डॉ भीमराव अम्बेडकर की 128 वीं जयंती के मुख्य अतिथि महाराष्ट्र की प्रो सुशीला ताई मोराले व दिल्ली विश्वविद्यालय के डॉ सूरज मंडल थे। विशिष्ट अतिथि चंद्रशेखर कुमार व रणधीर राणा थे। मुख्य वक्ताओं में हरेराम भगत, सुमन सौरभ, सुमन यादव, डॉ धर्मवीर, मनोज कुमार, अंकेश राणा, राजेश कुमार आदि शामिल थे।
सभी वकताओं ने देश, दलित और शोषित समाज के प्रति डॉ भीमराव अम्बेडकर के विशेष योगदान को याद करते हुए उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
कार्यक्रम में शामिल महानुभावों को सम्बोधित करते हुए अध्यक्ष प्रो जवाहर पासवान ने याद दिलाया की सामाजिक कार्यक्रम में चुनाव को देखते हुए और चुकी आदर्श अचार संहिता लागू है अतः सम्बोधन में कोई राजनैतिक बात न की जाय।
प्रो सुशीला मोराले ने कहा कि वे बाबासाहेब की धरती महाराष्ट्र से आतीं है और उन्हें ख़ुशी है कि मधेपुरा में सामाजिक न्याय की जड़ें इतनी मजबूत है।
डॉ लाल रत्नाकर ने भी बाबासाहेब डॉ भीमराव अम्बेडकर को युगपुरुष बताते हुए उनके पदचिन्हों पर चलने का आह्वान किया।
चंद्रशेखर कुमार ने अपने सम्बोधन में संविधान के महत्व की चर्चा करते हुए इसपर अमल करने का युवाओं से अनुरोध किया।
रणधीर राणा ने युवाओं को साथ देने पर उन्हें साधुवाद दिया।
प्रभात रंजन और राजहंस राज उर्फ़ मुन्ना कुमार ने भी डॉ भीमराव अम्बेडकर के संघर्षमय जीवन पर प्रकाश डालते हुए कार्यक्रम शामिल लोगों को सम्बोधित किया।
आखिर में अध्यक्षीय भाषण करते हुए प्रो जवाहर पासवान ने युवाओं से आह्वान किया कि अगर अम्बेडकर के सपनों का भारत बनाना चाहते हैं तो आपको शिक्षित होना परेगा फिर संगठित होकर संघर्ष करना परेगा तभी बाबा के सपनों का भारत होगा । कार्यक्रम में शामिल सभी लोगों को धन्यवाद भी दिया।
कार्य क्रम में भाग लेने वाले, मनोज यादव, राजेश कुमार, संतोष, निशांत यादव ,हरेराम भगत ,रहुल पासवान, गणेश कुमार गोले,संजीव कुमार, माधव कुमार, सुशीला कुमारी ,राजकुमार रंजक,रामचंद्र यादव, मोहन कुमार, विकास कुमार, मनोज कुमार, बिट्टू कुमार आदि उपस्थित थे |
कार्यक्रम का आयोजन राजहंस राज उर्फ़ मुन्ना कुमार ने
किया। डॉ भीमराव अम्बेडकर की 128 वीं जयंती कार्यक्रम का उद्घाटनकर्ता मेरठ युनिवर्सिटी के कला के प्रोफेसर डा लाल रत्नाकर थे। स्वागताध्यक्ष प्रभात रंजन थे जिन्होंने मंच संचालन भी किया और अध्यक्षता सीनेट सिंडिकेट सदस्य प्रो जवाहर पासवान ने किया। डॉ भीमराव अम्बेडकर की 128 वीं जयंती के मुख्य अतिथि महाराष्ट्र की प्रो सुशीला ताई मोराले व दिल्ली विश्वविद्यालय के डॉ सूरज मंडल थे। विशिष्ट अतिथि चंद्रशेखर कुमार व रणधीर राणा थे। मुख्य वक्ताओं में हरेराम भगत, सुमन सौरभ, सुमन यादव, डॉ धर्मवीर, मनोज कुमार, अंकेश राणा, राजेश कुमार आदि शामिल थे।
सभी वकताओं ने देश, दलित और शोषित समाज के प्रति डॉ भीमराव अम्बेडकर के विशेष योगदान को याद करते हुए उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
कार्यक्रम में शामिल महानुभावों को सम्बोधित करते हुए अध्यक्ष प्रो जवाहर पासवान ने याद दिलाया की सामाजिक कार्यक्रम में चुनाव को देखते हुए और चुकी आदर्श अचार संहिता लागू है अतः सम्बोधन में कोई राजनैतिक बात न की जाय।
प्रो सुशीला मोराले ने कहा कि वे बाबासाहेब की धरती महाराष्ट्र से आतीं है और उन्हें ख़ुशी है कि मधेपुरा में सामाजिक न्याय की जड़ें इतनी मजबूत है।
डॉ लाल रत्नाकर ने भी बाबासाहेब डॉ भीमराव अम्बेडकर को युगपुरुष बताते हुए उनके पदचिन्हों पर चलने का आह्वान किया।
चंद्रशेखर कुमार ने अपने सम्बोधन में संविधान के महत्व की चर्चा करते हुए इसपर अमल करने का युवाओं से अनुरोध किया।
रणधीर राणा ने युवाओं को साथ देने पर उन्हें साधुवाद दिया।
प्रभात रंजन और राजहंस राज उर्फ़ मुन्ना कुमार ने भी डॉ भीमराव अम्बेडकर के संघर्षमय जीवन पर प्रकाश डालते हुए कार्यक्रम शामिल लोगों को सम्बोधित किया।
आखिर में अध्यक्षीय भाषण करते हुए प्रो जवाहर पासवान ने युवाओं से आह्वान किया कि अगर अम्बेडकर के सपनों का भारत बनाना चाहते हैं तो आपको शिक्षित होना परेगा फिर संगठित होकर संघर्ष करना परेगा तभी बाबा के सपनों का भारत होगा । कार्यक्रम में शामिल सभी लोगों को धन्यवाद भी दिया।
कार्य क्रम में भाग लेने वाले, मनोज यादव, राजेश कुमार, संतोष, निशांत यादव ,हरेराम भगत ,रहुल पासवान, गणेश कुमार गोले,संजीव कुमार, माधव कुमार, सुशीला कुमारी ,राजकुमार रंजक,रामचंद्र यादव, मोहन कुमार, विकास कुमार, मनोज कुमार, बिट्टू कुमार आदि उपस्थित थे |



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