संपादक- आर. कुमार
इंटर परीक्षा में खराब रिजल्ट से आहत सदर प्रखंड अंतर्गत सुखासन गांव की छात्रा ने जहर खाकर सुसाइड करने की कोशिश की। बीमार छात्रा का सदर अस्पताल में इलाज चल रहा है। छात्रा के परिजन ने बताया कि फेल होने से आहत छात्रा शनिवार रात जहर खा लिया। जब छात्रा की हालत बिगड़ने लगी तो परिजनों ने उसे सदर अस्पताल ले कर आया। परिजनों ने बताया कि छात्रा दूसरी बार इंटर का एग्जाम दी थी। जिसमें वह दो विषय में फेल हो गई। परिजनों ने बताया की जिस दिन से रिजल्ट आया है और फ़ैल होने की बात इसने सुनी तब से खाना-पीना सब छोड़ एकांत रहने लगी थी। खाना-पीना छोड़ने के कारण छात्रा की तबियत और खराब होने लगी। छात्रा की मां ने बताया कि बेटी पढ़ने में बहुत तेज है। मेट्रिक वह फर्स्ट डिवीजन से पास हुई थी। मेट्रिक एग्जाम में वो 360 नंबर थी।
छात्रा ने बताया कि वो दिन-रात मेहनत करने परीक्षा दी थी। बावजूद रिजल्ट अच्छा नहीं आना दुर्भाग्यपूर्ण है। छात्रा ने बताया कि नियमित पढ़ाई के साथ-साथ उसका एग्जाम भी अच्छा गया। जिससे उसे उम्मीद थी कि रिजल्ट अच्छा ही आएगा। छात्रा ने बताया कि 2017 में भी दिया था। तब भी तीन विषय हिंदी, इंग्लिश फिजिक्स में फैल हो गई थी। जबकि इस बार वह बॉयलोजी और फिजिक्स में फेल हुई है।
इंटर परीक्षा में खराब रिजल्ट से आहत सदर प्रखंड अंतर्गत सुखासन गांव की छात्रा ने जहर खाकर सुसाइड करने की कोशिश की। बीमार छात्रा का सदर अस्पताल में इलाज चल रहा है। छात्रा के परिजन ने बताया कि फेल होने से आहत छात्रा शनिवार रात जहर खा लिया। जब छात्रा की हालत बिगड़ने लगी तो परिजनों ने उसे सदर अस्पताल ले कर आया। परिजनों ने बताया कि छात्रा दूसरी बार इंटर का एग्जाम दी थी। जिसमें वह दो विषय में फेल हो गई। परिजनों ने बताया की जिस दिन से रिजल्ट आया है और फ़ैल होने की बात इसने सुनी तब से खाना-पीना सब छोड़ एकांत रहने लगी थी। खाना-पीना छोड़ने के कारण छात्रा की तबियत और खराब होने लगी। छात्रा की मां ने बताया कि बेटी पढ़ने में बहुत तेज है। मेट्रिक वह फर्स्ट डिवीजन से पास हुई थी। मेट्रिक एग्जाम में वो 360 नंबर थी।
छात्रा ने बताया कि वो दिन-रात मेहनत करने परीक्षा दी थी। बावजूद रिजल्ट अच्छा नहीं आना दुर्भाग्यपूर्ण है। छात्रा ने बताया कि नियमित पढ़ाई के साथ-साथ उसका एग्जाम भी अच्छा गया। जिससे उसे उम्मीद थी कि रिजल्ट अच्छा ही आएगा। छात्रा ने बताया कि 2017 में भी दिया था। तब भी तीन विषय हिंदी, इंग्लिश फिजिक्स में फैल हो गई थी। जबकि इस बार वह बॉयलोजी और फिजिक्स में फेल हुई है।



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